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मौसम : पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानी इलाकों में बूंदाबांदी, इन राज्यों में तेज बारिश की चेतावनी

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नई दिल्ली। उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों में पिछले 2 दिनों से भारी बारिश और बर्फबारी हो रही है। जम्मू और कश्मीर के ऊपर बना पश्चिमी विक्षोभ पूर्वी दिशा में आगे बढ़ता रहेगा। साथ ही चक्रवाती सिस्टम हरियाणा और दिल्ली के ऊपर पहुंच जाएगा। स्काईमेट वेदर के मुताबिक इन दोनों सिस्टमों के कारण उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों के साथ-साथ मैदानी इलाकों में आज भी मौसमी गतिविधियां जारी रहेंगी और कुछ हिस्सों में ओलावृष्टि की संभावना है। राजस्थान के बाद पंजाब, हरियाणा और दिल्ली समेत उत्तर के मैदानी इलाकों से कल से मौसम साफ हो जाएगा। पहाड़ों पर गतिविधियां जारी रहेंगी और 25 मार्च से मौसम साफ होने की संभावना है।

दिल्ली-एनसीआर के कई इलाकों में हल्की बारिश

दिल्ली एनसीआर में मंगलवार को सुबह से बनी उमस के बाद दोपहर में कई इलाकों में हल्की बारिश हुई। साथ ही ठंडी हवाओं के चलने से लोगों को गर्मी से राहत मिली है। वहीं, तापमान में भी गिरावट देखी गई है। दिल्ली, राजस्थान, हरियाणा और यूपी के कई इलाकों में अगले कुछ घंटों में बारिश की संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक होली के पहले पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, उत्तरी राजस्थान, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र में तेज बारिश के साथ ओलावृष्टि हो सकती है। वहीं, पहाड़ों पर भारी बर्फबारी के साथ तेज बारिश और ओलावृष्टि की आशंका भी जताई जा रही है।

बेमौसम बारिश से किसानों को नुकसान

बेमौसम आंधी-बारिश के चलते किसानों का काफी नुकसान हुआ है। मंगलवार को अंधड़ व बारिश के कारण गेहूं व सरसों की फसल में बड़ा नुकसान हुआ है। जहां सरसों की कटाई बाकी थी वहां खड़ी फसल काफी झड़ गई। वहीं गेहूं की फसल गिर गई है, जिससे पैदावार पर पूरा असर पड़ेगा। बताया जा रहा है कि बारिश से ज्यादा नुकसान नहीं होता लेकिन, साथ में अंधड़ आने से फसल पर असर पड़ा है। खेतों में गेहूं की फसल भी अब पकाव की ओर बढ़ रही है। आखिरी समय में अंधड़ के कारण फसल आड़ी-तिरछी गिर गई। जिससे फसल का पकाव अच्छे से नहीं आएगा। गुणवत्ता भी कमजोर रहेगी। जिससे किसानों को काफी नुकसान होगा।

मध्यप्रदेश के कई जिलों में बारिश की संभावना

वहीं, मध्यप्रदेश की बात करें तो राज्य के कई शहरों में हल्के बादल छाए हैं। मौसम विज्ञानियों ने कहा कि मंगलवार को भी इंदौर, भोपाल सहित कई जिलों में हल्की बारिश होने की संभावना है। इसके अलावा 23 मार्च को एक और पश्चिमी विक्षोभ उत्तर पश्चिम भारत में सक्रिय होगा, जिसका असर मध्यप्रदेश पर भी होगा। इसकी वजह से आने वाले दिनों में तापमान में एक से दो डिग्री की बढ़ोतरी हो सकती है।

पंजाब में बारिश से काफी क्षति

पंजाब में आज तेज हवा के साथ बारिश से किसानों को काफी नुकसान हुआ है। अमृतसर के मंडियाला गांव में खेत में खड़ी फसलें गिर गई हैं।

हिमाचल प्रदेश में दिन भर रुक-रुक कर बारिश

हिमाचल प्रदेश में भी दिन भर रुक-रुक कर बारिश के बीच कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम हिमपात की गतिविधियां देखने को मिलीं। डलहौजी में 42 मिमी, मनाली और शिमला में 20 मिमी बारिश बीते 24 घंटों के दौरान दर्ज की गई। हालांकि बीते 2 दिनों के दौरान उत्तराखंड के लिए मौसम की गतिविधियां बहुत कम रहीं। नैनीताल, मसूरी और ऊखीमठ सहित पूरे क्षेत्र में हल्की से मध्यम बारिश हुई।

उत्तर भारत के मैदानी भागों में गरज के साथ बूंदाबांदी

उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी भागों में पंजाब और हरियाणा के साथ-साथ पश्चिमी उत्तर प्रदेश और राजस्थान में भी अधिकांश स्थानों पर गरज के साथ बूंदाबांदी या हल्की वर्षा दर्ज की गई। तूफानी रफ्तार से चलने वाली हवाओं के साथ एक-दो स्थानों पर ओलावृष्टि के कारण दिन के तापमान में गिरावट आई है। राष्ट्रीय राजधानी में भी कुछ हिस्सों में हल्की बारिश के साथ मौसम सुहावना हो गया।

राजस्थान में अलर्ट जारी

मौसम विभाग ने राजस्थान के लिए चेतावनी भी जारी की है। आईएमडी के अनुसार 23 मार्च को राजस्थान के अजमेर, भरतपुर, सीकर, झुंझुनू, अलवर समेत कई जिलों में तेज हवाएं, आंधी और ओलावृष्टि हो सकती है।

छत्तीसगढ़ में गरज के साथ छींटे पड़ने की संभावना

छत्तीसगढ़ का भी कुछ यही हाल है। यहां चक्रवात के सक्रिय होने की वजह से एक-दो जगहों पर, खास तौर से बस्तर जिले के आसपास बारिश होने की संभावना है। वहीं, 23 और 24 मार्च को गरज के साथ छींटे पड़ने या हल्की बरसात की भी आशंका जताई गई है।

इसलिए हो रही बारिश

उत्तर-पश्चिम राजस्थान के ऊपर चक्रवाती परिसंचरण और दक्षिण-पूर्व मध्य प्रदेश के ऊपर ऊपरी वायु के चक्रवाती परिसंचरण के कारण ऐसा मौसम बन रहा है। मौसम विभाग के मुताबिक राजस्थान के विराटनगर, अलवर, राजगढ़, लक्ष्मणगढ़ में हवा की रफ्तार 30-40 किमी प्रति घंटे रह सकता है। साथ ही इन इलाकों में गरज के साथ हल्की बारिश हो सकती है। वहीं इन इलाकों के पश्चिम में हवा की रफ्तार 30-40 किमी प्रति घंटे रह सकता है।

24 मार्च के बाद तेजी से बढ़ सकता है तापमान

मौसम विभाग के मुताबिक पश्चिमी हिमालय क्षेत्र (जम्मू और कश्मीर, लद्दाख, गिलगित, बाल्टिस्तान, मुजफ्फराबाद, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड) में मंगलवार को हल्की बर्फबारी और गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है।इसी के साथ हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में बुधवार तक ओलावृष्टि की भी संभावना जताई गई है। मंगलवार तक पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, पश्चिम उत्तर प्रदेश और पूर्वी राजस्थान में बारिश और ओलावृष्टि की संभावना है। वहीं, 24 मार्च को पश्चिमी विक्षोभ के चले जाने के बाद, उत्तर-पश्चिम भारत में तापमान के भी तेजी से बढ़ने की संभावना है।

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