Home भोपाल कोरोना की मार के साथ बारिश का सितम जारी, सरकार ने अनाज...

कोरोना की मार के साथ बारिश का सितम जारी, सरकार ने अनाज की खरीदी की तारीख बढ़ाई

29
0

भोपाल। मध्य प्रदेश में कोरोना संक्रमण तेजी से फैल रहा है। सरकार इसे कंट्रोल करने के लिए लॉकडाउन जैसी व्यवस्था लागू कर चुकी है। इस बीच कोरोना संक्रमण की मार के साथ बारिश का सितम भी जारी है। सोमवार को मौसम ने करवट ली और फिर बारिश के दौर ने किसानों की टेंशन बढ़ा दी है। खेतों में कटी पड़ी फसल बारिश की वजह से खराब हो रही है। इधर बारिश की वजह से सरकार ने भी अनाज की खरीदी की तारीख भी बढ़ा दी है। रविवार को प्रदेश में बारिश का दौर थम गया था। हालांकि, इससे पहले लगातार तीन दिनों से बारिश हो रही थी। कल तीव्र आवृति के नए पश्चिमी विक्षोभ के उत्तर भारत के नजदीक पहुंचा। दक्षिण-पूर्वी मध्यप्रदेश पर एक ऊपरी हवा का चक्रवात बना हुआ है। उत्तर-पश्चिमी राजस्थान पर भी एक चक्रवात मौजूद है। इस वजह से आज एक बार फिर मौसम का मिजाज बदल गया। भोपाल के साथ प्रदेश के दूसरे जिलों में अल सुबह से बारिश का दौर शुरू हो गया। इस बारिश से मौसम में ठंडक आ गई।यह बारिश हालांकि कुछ ही समय तक हुई। लेकिन इस बारिश की वजह से खेतों में कटी पड़ी फसलों को जरूर भारी नुकसान हो रहा है
क्या कहता है मौसम विभाग
मौसम विभाग का कहना है कि मध्य प्रदेश में बने सिस्टम की वजह से वातावरण में नमी बढऩे के कारण फिर बादल छाने लगेंगे और मंगलवार को भी राजधानी सहित प्रदेश के कुछ जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश होने के भी आसार हैं। रविवार को राजधानी का अधिकतम तापमान 35।0 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। यह सामान्य से एक डिग्री कम रहा। न्यूनतम तापमान 18।6 डिग्री रिकार्ड हुआ। यह सामान्य से एक डिग्रीअधिक रहा।
यहां आगे भी होगी बारिश
मौसम विभाग ने बताया कि वर्तमान में एक पश्चिमी विक्षोभ जम्मू काश्मीर में मौजूद है। इसके अतिरिक्त एक तीव्र आवृति का पश्चिमी विक्षोभ भी उत्तर भारत के करीब सक्रिय है। राजस्थान और मप्र पर बने ऊपरी हवा के चक्रवात के कारण बंगाल की खाड़ी और अरब सागर से बड़े पैमाने पर नमी आने का सिलसिला जारी है। आज रीवा, भोपाल, होशंगाबाद, शहडोल संभाग में कहीं-कहीं और इंदौर, उज्जैन, धार, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, बुरहानपुर, देवास, सीहोर, रायसेन जिले में गरज-चमक के साथ बौछारें पडऩे के आसार आगे भी है। बुधवार से मौसम के साफ होने के आसार हैं।
खरीद प्रक्रिया रोकने के लिए मजबूर कर दिया
वहीं, इंदौर- उज्जैन संभाग सहित प्रदेश के 20 जिलों में दोबारा बारिश और ओलावृष्टि हो गई। इससे खेत और खलिहान में कटी रखी फसल गीली हो गई, जिसे सूखने में वक्त लगेगा। इसे देखते हुए सरकार ने खरीदी प्रक्रिया फिर रोक दी है। हालांकि, गेहूं खरीदने के लिए सरकार ने तमाम प्रबंध कर लिए थे। बारदानों का इंतजाम करने के साथ कोरोना गाइडलाइन के तहत सुरक्षित तरीके से तुलाई की व्यवस्था भी बना ली थी। पर मौसम और कोरोना के बढ़ते मामलों ने सरकार को खरीद प्रक्रिया रोकने के लिए मजबूर कर दिया।
अनाज खरीदी स्थगित
बारिश और ओलावृष्टि को देखते हुए न्यूनतम समर्थन मूल्य पर सोमवार से होने वाली चना, मसूर और सरसों की खरीद को स्थगित कर दिया है। मौसम में सुधार होते ही खरीद प्रारंभ की जाएगी। यह बात कृषि मंत्री कमल पटेल ने रविवार को किसानों से संवाद के दौरान बताई। साथ ही किसानों से कहा है कि वे अपनी उपज समर्थन मूल्य पर ही बेचें। राज्य सरकार ने इंदौर और उज्जैन संभाग में गेहूं की खरीद प्रक्रिया रोक दी है। इसे शुरू करने की नई तारीख सरकार बाद में घोषित करेगी। अभी 22 मार्च से खरीद शुरू होनी थी। गेहूं की खरीदी तारीख दूसरी बार आगे बढ़ी है। पहले सरकार ने 15 मार्च से खरीदी शुरू करने की तैयारी की थी, पर 12 मार्च को अचानक मौसम बिगड़ा और तेज हवा, बारिश, ओलावृष्टि के कारण सरकार को तारीख 22 मार्च करनी पड़ी थी।

Previous articleजम्मू-कश्मीर में जारी है आतंकियों का सफाया, सुरक्षा बलों से मुठभेड़ में 4 आतंकी ढेर
Next articleलुका-छिपी खेलने के दौरान 5 मासूम ड्रम में फंसे, दम घुटने से हुई मौत, मुख्यमंत्री ने जताया दुख

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here