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अभिभावक बोले- परीक्षा कराने से पहले कारोना से बचाव के बारे में सोचे, परीक्षा की तारीख बदलने से तनाव में विद्यार्थी

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  • कोरोना के कारण मंत्री ने दिए है एक बाद परीक्षा कराने के निर्देश

भोपाल। मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल की दसवीं की परीक्षा 30 अप्रैल से और बारहवीं की परीक्षा एक मई से होने वाली थीं, लेकिन प्रदेशभर में कोरोना वायरस के बढ़ते मामले को देखते हुए प्रदेश के स्कूल शिक्षा राज्य मंत्री इंदर सिंह परमार ने एक माह बाद परीक्षा कराने के लिए कहा है। बार-बार बदल रही परीक्षा की तारीख के कारण छात्र-छात्राओं में एक तरह के तनाव की स्थिति देखी जा रही है।

तय समय पर हो परीक्षा

इस संबंध में बोर्ड परीक्षार्थियों और उनके अभिभावकों ने अलग-अलग विचार व्यक्त किए हैं। जहां विद्यार्थियों का कहना है कि अगर तय समय पर परीक्षा हो जाए तो तनाव खत्म हो जाए। अगर परीक्षा देर से होगी, तो प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने में परेशानी होगी। वहीं अभिभावकों का कहना है कि कोरोना की अभी भयावह स्थिति है। ऐसे में अभी परीक्षा कराना सही नहीं होगा। कुछ अभिभावकों का यह भी कहना है कि शासन को दसवीं व बारहवीं की परीक्षा ऑनलाइन लेने की व्यवस्था करनी चाहिए। बारहवीं कक्षा में पढऩे वाले राजकुमार दीक्षित ने कहा है कि अगर समय से परीक्षा हो जाए तो इसके बाद नीट की परीक्षा के लिए समय मिल जाएगा और बोर्ड परीक्षा का तनाव कम होगा। वहीं दसवीं के छात्र राजेश राठौर ने कहा कि अगर परीक्षा देर से भी होगी तो कोई दिक्कत नहीं है।

जल्दी स्थिति नहीं होगी सामान्य

बारहवीं के छात्र शुभम शर्मा का कहना है कि जिस तरह से कोरोना फैल रहा है, लगता नहीं है कि एक माह बाद भी स्थिति सामान्य होने वाली है। ऐसे में कोरोना गाइडलाइन का पालन करते हुए परीक्षा समय पर कराया जाना चाहिए। अशोका गार्डन निवासी अभिभावक राकेश तिवारी का कहना है कि परीक्षा से पहले कोरोना से बचाव जरूरी है। परीक्षा के लिए कोई और विकल्प शासन को सोचना चाहिए। वहीं अयोध्या बायपास पर रहने वाले राजेश शर्मा ने कहा कि कोरोना इस साल तो खत्म होने वाला नहीं है। ऐसे में शासन को ऑनलाइन परीक्षा की व्यवस्था करनी चाहिए, आखिर इस बार पढ़ाई भी तो ऑनलाइन हुई है।

अभी नहीं मिले आदेश

इस संबंध में माशिमं सचिव उमेश कुमार सिंह का कहना है कि बोर्ड परीक्षा की तारीखें आगे बढ़ाने को लेकर शासन स्तर पर ही कोई फैसला लिया जाएगा। अभी इस संबंध में आदेश नहीं मिले हैं।

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