नई दिल्ली। एजेंसी
पूरी दुनिया को तेल सप्लाई करने वाले ओपेक देशों को संदेश देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को कहा कि गैर वाजिब तरीकों से कच्चे तेल की कीमतों को प्रभावित करना ठीक नहीं है इसकी वाजिब कीमत तय करने के लिए विश्व स्तर पर सहमति बननी चाहिए। 
ट्रांसपरेंट बाजार होना चाहिए 
दिल्ली में आयोजित 16वें अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा मंच की मंत्री स्तरीय बैठक में मोदी ने कहा कि दुनिया लंबे अर्से से तेल की कीमतों को रोलर कोस्टर पर देख रही है। हमें उत्पादक और उपभोक्ता दोनों के हितों को देखते हुए इसकी कीमतों को लेकर समझदारी भरा फैसला लेना चाहिए। दुनिया को तेल और गैस के लचीले और ट्रांसपेरेंट बाजार की ओर रुख करने की जरूरत है। 
दोनों पक्ष तरक्की करें 
तेल उपभोग के मामले में भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा देश है। भारत अपनी जरूरत का 80 फीसदी तेल आयात करता है। प्रधानमंत्री ने कहा कि यह तेल उत्पादक देशों के हित में है कि अन्य अर्थव्यवस्थाएं भी स्थिरता के साथ तरक्की करती रहें। 
 

विदेश